काव्य गुण परिभाषा एवं भेद

काव्य गुण परिभाषा एवं भेद काव्य गुण परिभाषा एवं भेद, काव्य गुण क्या हैं?, काव्य-गुणों की संख्या, गुण किसे कहते हैं? प्रसाद गुण, ओज गुण, माधुर्य गुण काव्य के सौंदर्य की वृद्धि करने वाले और उसमें अनिवार्य रूप से विद्यमान रहने वाले धर्म को गुण कहते हैं। आचार्य वामन द्वारा प्रवर्तित रीति सम्प्रदाय को ही … Read more

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